अभी कल ही दो दिनों के ट्रिप से लौटा हूं.. येलगिरी नामक जगह पर गया था जो तमिलनाडु का एक हिल स्टेशन है.. अभी फिलहाल इन चार चित्रों को देखें, लिखने का मन किया तो वहां के भी किस्से सुनाऊंगा..
ये पिल्ला अपनी मां और भाई-बहनों को जाता देख रहा है..
यादें तरह-तरह कीकुछ याद करने पर बहुत कुछ याद आता है। यादें अच्छी भी होती हैं और बुरी भी, पर यादें तो यादें होती हैं और उसे अच्छे बुरे का ज्ञान नहीं होता है। पर हां मे…Read More
बैंगलोर-मैसूर यात्रा वर्णन (भाग दो)मैं और विकास वहीं मैसूर में ठहर गये। वहां पहूंचते ही मैंने अपना हाथ-पैर धोया और बिस्तर पर लेट गया और थकावट ऐसी की लेटते ही नींद ने मुझे घेर लिया। अगले…Read More
वो रिक्त स्थानवो रिक्त स्थान,जो तुम्हारे जाने से पैदा हुआ था,वो आज भी,शतरंज के ३२ खानों की तरह खाली है..कई लोग चले आते हैं,उसे भरने के लिये,मगर उन खानों को पार कर,न…Read More
ययातिमैं जब घर से चला तो मैंने पापाजी से हमेशा की तरह पूछा, कोई अच्छी किताब मिलेगी क्या? उन्होंने कहा, "उधर रैक पर से कोई सा भी उठा लो"। मेरी नजर सबसे पहले…Read More
बैंगलोर-मैसूर यात्रा वर्णन५ गाडियाँ१० लोगरास्ता बंगलोर-मैसूर हाइवेदूरी ३७५KM(चंदन की गाड़ी से मापी हुयी)(सबसे पहले: ये पोस्ट कुछ ज्यादा ही लम्बी हो गयी है जिसके लिये मैं क्षमा च…Read More
तस्वीरें तो देख लीं, अब सफ़रनामा कब सुना रहे हैं?
ReplyDeleteरोचक चित्र हैं...किस्से भी बताएं...तो और मजा आएगा...
ReplyDeleteनीरज
sunder chitra, pille wala bahut bhavuk bana gaya.kis soch mein duba hai wo?
ReplyDeleteपहला चित्र कहता है कि गरीबों के घर सब जगह एक से हैं, जीवन को इस से अधिक जरूरी नहीं।
ReplyDeleteab kisse kab bataoge
ReplyDeletebahut achhe hai..ye chitra..poore india me aise drishya aam hai..
ReplyDeleteअरे भाई कुछ लिखो भी.
ReplyDeleteशीर्षक.. "मस्त फोटू"
ReplyDeleteटिप्पणी.."मस्त फोटू"
वाह प्रशांत ,
ReplyDeleteभई फ़ोटुएं बता रही हैं कि खूब घुमाई हो रही है ..फ़ोटो देख के ही शांति और सकून सा मिल रहा है ..सफ़र नामा सुनने को बेकरार हैं
नाम में क्या रखा है.. चचा शेक्सपियर भी कह गये..what's in a name?
ReplyDeleteवृत्तांत भी सुनाइये त्तो और मजा आये.
इस प्यार को क्या नाम दूं!
ReplyDeleteaji naam hona chahiye "yatra vrittant baad me likhunga."
ReplyDeleteyah hai to hill station, lekin isme hill kahan hai?
zaroor kuch na kuch lekar aaye ho sath mein..
ReplyDeletebahut aalsi ho gaye ho...kuch karne padega tumhara
ReplyDeleteदोबारा देखते हुए चमका...इसका तो एक ही शीर्षक हो सकता है "TANDELI" :D
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