Tuesday, January 18, 2011

सिगरेट का नशा

जिंदगी का पहला कश,नतीजा बेदम करने वाली खांसी!दूसरा कश,हल्का सा चक्करहल्की सी खांसी!तीसरा कश, दिमाग में एक जोरदार झटका! अजब सा नशा!! क्लोरोफार्म सुंघाने पर बेहोश होने से ठीक पहले सी स्थिति सा!!दूसरी सिगरेट, उसी नशे की चाह,...

कुछ और किस्से केशू के

हो सकता है कि आज के जमाने में किसी को यह अतिश्योक्ति लगे, मगर हमारे घर में अभी तक यह लगभग किसी नियम के तहत चलता आ रहा है कि रात में सोने से पहले माता-पिता का चरणस्पर्श करके ही हम सोने जाते हैं.. इसका सबसे बड़ा फायदा बचपन...

Saturday, January 15, 2011

कुछ किताबों के बहाने - नीरज रोहिल्ला द्वारा

इस लेख को पोस्ट करने के कारणों को विस्तार से जानने के इच्छुक लोगों के लिए पहले यह, फिर लेख - नीरज रोहिल्ला ने यह "कमेंट" मुझे और विनीत को इकट्ठे लिख कर मेल किया था.. फेसबुक से बात चली थी, विनीत ने कुछ बात कही और बाद में...

Friday, January 07, 2011

बच्चा!!!

दीदी की बड़की बिटिया का जन्म हमारे यहाँ ही हुआ था, और बचपन में दीदी कि छुटकी बिटिया के मुकाबले मैं बड़की के ही अधिक संपर्क में रहा। उसके पैदा होने पर उसे हाथ में लेकर देखा था, मेरी हथेली में उसका पूरा धड़ और उसका सर मेरी...

सबकी अपनी-अपनी माया!!!

लग रहा है जैसे घर भाँय भाँय कर रहा है। दिन भर घर में एक उत्पात जैसा मचाये रखने वाला लड़का!! भैया की शादी के समय वह लखनऊ में थे, और इधर शादी हुई और भैया का पोस्टिंग पटना हो गया। पापा-मम्मी भी खुश, भैया-भाभी भी खुश। देखते...

Wednesday, January 05, 2011

किस्सा किताबों का

मैं पिछले कुछ दिनों से अपने पास रखी किताबों का चित्र खींचकर अपने फेसबुक पर चिपका रहा था.. उसमें दिखावा था या नहीं ये तो पता नहीं, साधारण मनुष्य हूँ सो दिखावे के स्वभाव से अछूता नहीं हूँ, मगर एक उत्साह जरूर था कि इसे अपने...